महाराष्ट्र – Shaurya Times | शौर्य टाइम्स https://www.shauryatimes.com Latest Hindi News Portal Wed, 17 Mar 2021 07:03:18 +0000 en-US hourly 1 https://wordpress.org/?v=7.0.2 कोरोना के मामले बढ़ने के कारण से गुजरात, महाराष्ट्र,पंजाब सहित कई जगहों पर वापस लगा लॉकडाउन https://www.shauryatimes.com/news/105878 Wed, 17 Mar 2021 07:03:18 +0000 http://www.shauryatimes.com/?p=105878 देश में कोरोना वायरस के मामले पिछले साल की तरह एक बार फिर तेजी से बढ़ रह है। इस बीच महाराष्ट्र, तमिलनाडु, पंजाब, दिल्ली, गुजरात, कर्नाटक और हरियाणा में कोरोना के नए मामलों ने सरकारों की टेंशन बढ़ा दी है। गुजरात सरकार ने अहमदाबाद, वडोदरा, सूरत और राजकोट में नाइट कर्फ्यू को 31 मार्च तक बढ़ा दिया है। मध्य प्रदेश ने भी पड़ोसी राज्य में कोरोना के बढ़ते मामलों को देखते हुए भोपाल और इंदौर शहर में नाइट कफ्र्यू लागू किया है। वहीं, महाराष्ट्र की उद्धव सरकार ने पुणे, औरंगाबाद, नागपर में पहले ही पाबंदियां लागू कर दी हैं। महाराष्‍ट्र और पंजाब के बाद गुजरात में भी बढ़ते मामलों के कारण स्‍कूलों में एक बार फिर ताला लगना शुरू हो गया है।

 

गुजरात में 31 मार्च तक नाइट कर्फ्यू

कोरोना के मामलों में उछाल को देखते हुए गुजरात सरकार ने मंगलवार को चार महानगरों- अहमदाबाद, वडोदरा, सूरत और राजकोट में नाइट कर्फ्यू लागू करने का फैसला किया। राज्य सरकार द्वारा जारी बयान में कहा गया है कि इन चारों शहरों में 17 मार्च से 31 मार्च तक रात 10 बजे से सुबह 6 बजे के बीच कर्फ्यू रहेगा। हालांकि गुजरात के इन शहरों में पहले से ही नाइट क‌र्फ्यू लगा हुआ था, लेकिन इसका समय रात 12 बजे से सुबह 6 बजे तक था। इसके अलावा अहमदाबाद के सभी उद्यानों और पार्कों को अगले आदेश तक बंद रखने का आदेश जारी किया गया है। इस दौरान कांकरिया झील और चिड़ियाघर भी बंद रहेंगे।

मध्य प्रदेश में होली पर नहीं होगा सामूहिक कार्यक्रम

कोरोना संक्रमण के बढ़ते खतरे को देखते हुए मध्य प्रदेश सरकार ने कई अहम फैसले किए हैं। भोपाल और इंदौर शहर में रात दस बजे से सुबह छह बजे तक नाइट कर्फ्यू लागू रहेगा। जबलपुर और ग्वालियर शहर में रात दस बजे से सभी दुकानें और व्यावसायिक प्रतिष्ठान बंद रहेंगे। इसके साथ ही मध्य प्रदेश विधानसभा की कार्यवाही अनिश्चितकाल के लिए स्थगित कर दी गई है। भोपाल, इंदौर, ग्वालियर, जबलपुर, उज्जैन, रतलाम, छिंदवाड़ा, बुरहानपुर, बैतूल और खरगोन जिले में होली उत्सव के दौरान कहीं कोई सामूहिक कार्यक्रम नहीं किए जाएंगे। मध्य प्रदेश के पड़ोसी राज्य महाराष्ट्र में कोरोना संक्रमण की गंभीर स्थिति को देखते हुए राज्य सरकार ने सोमवार को निर्देश जारी कर वहां से आने वाले लोगों को सात दिन तक क्वारंटाइन करने के निर्देश दिए थे।

महाराष्ट्र में स्कूलों को सख्त निर्देश

महाराष्ट्र में कोरोना से सबसे ज्यादा हालात खराब हैं। रोजाना बढ़ रहे संक्रमण के मामलों को देखते हुए राज्य सरकार ने लोगों से नियमों का सख्ती से पालन करने को कहा है। इसके मद्देनजर पुणे, औरंगाबाद, नागपर, अमरावती, परभणी समेत 10 जिलों में नाइट कर्फ्यू लगाया गया है। वहीं, बृहन्मुंबई नगर निगम ने स्कूलों को 17 मार्च से शिक्षकों और अन्य कर्मचारियों की उपस्थिती को 50 फीसद तक सीमित करने को कहा है। इशके साथ ही स्कूलों को वर्क फ्रॉम होम पैटर्न के तहत ई-लर्निंग और ऑनलाइन प्लेटफॉर्म का इस्तेमाल करने की सलाह दी है।

देश में आज 28 हजार से अधिक मामले

स्वास्थ्य मंत्रालय के मुताबिक, देश में पिछले 24 घंटों के दौरान कोरोना वायरस के 28 हजार से अदिक मामले सामने आए हैं। नए मामले आने के बाद कुल पॉजिटिव मामलों की संख्या 1,14,38,734 हो गई है। इस दैरान हुई 188 नई मौतों के बाद कुल मौतों की संख्या 1,59,044 हो गई है। देश में सक्रिय मामलों की कुल संख्या अब 2,34,406 है और डिस्चार्ज हुए मामलों की कुल संख्या 1,10,45,284 है। इस महीने 15 दिन में 3 लाख से अधिक मामले सामने आ चुके हैं।

 

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ईवीएम मुक्त चुनाव की मांग: महाराष्ट्र https://www.shauryatimes.com/news/51066 Fri, 02 Aug 2019 12:07:02 +0000 http://www.shauryatimes.com/?p=51066 अक्टूबर में महाराष्ट्र विधानसभा के चुनाव होने हैं और सभी पार्टियों ने इसके लिये तैयारियां शुरू कर दी हैं. चंद हफ्तों पहले तक लग रहा था कि इन चुनावों में अकालग्रस्त किसानों की समस्याएं सबसे बडा मुद्दा होंगी. किसानों को रिझाने के लिये राज्य के ग्रामीण इलाकों में सभी पार्टियों ने राज्यव्यापी यात्राएं आयोजित कीं. इस वक्त खुद महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस राज्यभर में अपना रथ लेकर घूम रहे हैं, लेकिन अब मुद्दा किसानों से हटता नजर आ रहा है. मुद्दा अब बन गया है ईवीएम मशीन. ईवीएम मुक्त चुनाव की मांग को लेकर सभी बीजेपी और शिवसेना विरोधी पार्टियां एकजुट होकर आंदोलन शुरू कर रही हैं.

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एनसीपी और कांग्रेस के चार विधायकों ने इस्तीफा दे दिया: महाराष्ट्र https://www.shauryatimes.com/news/50678 Tue, 30 Jul 2019 09:07:28 +0000 http://www.shauryatimes.com/?p=50678 महाराष्ट्र में शरद पवार की एनसीपी और कांग्रेस के चार विधायकों ने इस्तीफा दे दिया है. कहा जा रहा है कि चारों विधायक जल्द बीजेपी में शामिल होंगे. इस्तीफा देने वाले चारों विधायकों में एक कांग्रेस का जबकि तीन एनसीपी के हैं. महाराष्ट्र में इसी साल विधानसभा के चुनाव होने हैं. बता दें कि कांग्रेस के विधायक कालिदास कोलाम्बकर और एनसीपी के विधायक शिवेन्द्र सिंह भोसले, वैभव पिचाड और संदीप नाइक ने अपने इस्तीफे दक्षिण मुंबई में स्थित विधान भवन में स्पीकर हरिभाऊ बागड़े को सौंपे. बागड़े को ये इस्तीफे अलग-अलग सौंपे गए हैं.

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दो लोगों के खिलाफ मामला दर्ज राष्ट्रीय चिह्न का दुरुपयोग: महाराष्ट्र https://www.shauryatimes.com/news/49740 Tue, 23 Jul 2019 13:04:23 +0000 http://www.shauryatimes.com/?p=49740 महाराष्ट्र में ठाणे पुलिस ने लेटरहेड और विजिटिंग कार्ड पर राष्ट्रीय चिह्न का कथित तौर पर दुरुपयोग करने के आरोप में दो लोगों के खिलाफ मामला दर्ज किया है। पुलिस की एक प्रवक्ता ने मंगलवार को बताया कि आरोपी लालमन पांडे ने अपने लेटरहेड एवं विजिटिंग कार्ड पर राष्ट्रीय चिह्न का प्रयोग कर खुद को राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग (एनएचआरसी) का एक अधिकारी बताया। नियमों के मुताबिक राष्ट्रीय चिह्न का प्रयोग भारत का राष्ट्रचिह्न (अनुचित प्रयोग की मनाही) कानून 2005 के प्रावधानों के तहत ही किया जा सकता है और किसी भी तरह का अनधिकृत प्रयोग कानून के तहत दंडनीय है।

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सुप्रीम कोर्ट: जुर्माने के एवज में सजा साथ-साथ नहीं चल सकती https://www.shauryatimes.com/news/11703 Fri, 21 Sep 2018 05:29:23 +0000 http://www.shauryatimes.com/?p=11703 सुप्रीम कोर्ट ने गुरुवार को कहा कि जुर्माने के एवज में सजा को साथ-साथ चलाने का निर्देश नहीं दिया जा सकता है। इससे सजा के उद्देश्य पर बुरा असर पड़ सकता है।सुप्रीम कोर्ट ने गुरुवार को कहा कि जुर्माने के एवज में सजा को साथ-साथ चलाने का निर्देश नहीं दिया जा सकता है। इससे सजा के उद्देश्य पर बुरा असर पड़ सकता है।  जस्टिस एएम सप्रे और जस्टिस यूयू ललित की पीठ ने कहा यदि जुर्माने के एवज में सजा को साथ-साथ जारी रखने का निर्देश दिया गया तो सजा का उद्देश्य पराजित हो जाएगा। पीठ ने यह व्यवस्था महाराष्ट्र निवासी शरद हीरु कोलांबे की याचिका पर दी है। हीरु ने बांबे हाई कोर्ट के आदेश को चुनौती दी थी। हाई कोर्ट ने मकोका सहित विभिन्न अपराधों में मिली उसकी सजा को बरकरार रखा था। उसे फिरौती के लिए अपहरण, डकैती, लूटपाट सहित कई आरोपों में दोषी पाया गया था।  गिरफ्तारी के बाद हीरु सुनवाई और मामला लंबित रहने के दौरान जेल में ही रहा। इस तरह उसने सुनाई गई 14 वर्ष की सजा पूरी कर ली। उसे 15 लाख का जुर्माना भी किया गया था। जुर्माना जमा नहीं कराने पर उसे और 10 साल जेल में बिताने होते। अदालत ने परिवार की आर्थिक स्थिति का हवाला देने पर जुर्माने के एवज में जेल की सजा को कम कर तीन साल चार माह कर दिया। इसमें से तीन साल वह काट चुका है।

 

जस्टिस एएम सप्रे और जस्टिस यूयू ललित की पीठ ने कहा यदि जुर्माने के एवज में सजा को साथ-साथ जारी रखने का निर्देश दिया गया तो सजा का उद्देश्य पराजित हो जाएगा। पीठ ने यह व्यवस्था महाराष्ट्र निवासी शरद हीरु कोलांबे की याचिका पर दी है। हीरु ने बांबे हाई कोर्ट के आदेश को चुनौती दी थी। हाई कोर्ट ने मकोका सहित विभिन्न अपराधों में मिली उसकी सजा को बरकरार रखा था। उसे फिरौती के लिए अपहरण, डकैती, लूटपाट सहित कई आरोपों में दोषी पाया गया था।

गिरफ्तारी के बाद हीरु सुनवाई और मामला लंबित रहने के दौरान जेल में ही रहा। इस तरह उसने सुनाई गई 14 वर्ष की सजा पूरी कर ली। उसे 15 लाख का जुर्माना भी किया गया था। जुर्माना जमा नहीं कराने पर उसे और 10 साल जेल में बिताने होते। अदालत ने परिवार की आर्थिक स्थिति का हवाला देने पर जुर्माने के एवज में जेल की सजा को कम कर तीन साल चार माह कर दिया। इसमें से तीन साल वह काट चुका है।

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