the shrine of Shiva devotees thronged in the court of Baba Vishwanath – Shaurya Times | शौर्य टाइम्स https://www.shauryatimes.com Latest Hindi News Portal Fri, 21 Feb 2020 07:36:48 +0000 en-US hourly 1 https://wordpress.org/?v=7.0.2 शिवमय हुई काशी, बाबा विश्वनाथ के दरबार में उमड़ा शिवभक्तों का सैलाब https://www.shauryatimes.com/news/78037 Fri, 21 Feb 2020 07:36:48 +0000 http://www.shauryatimes.com/?p=78037 रूद्राभिषेक की धूम, जमकर बिका मदार, धतूर, भांग और बेलपत्र

वाराणसी : महाशिवरात्रि पर्व पर शुक्रवार को द्वादस ज्योर्तिलिंग श्री काशी विश्वनाथ के दहलीज पर शिवभक्तों के साथ सन्तों-सन्यासियों का सैलाब उमड़ पड़ा। काशीपुराधिपति और आदि शक्ति के मिलन के महापर्व का साक्षी बनने के लिए दरबार में मंगला आरती से लेकर दिन चढ़ने तक ज्योर्तिलिंग पर जलाभिषेक के लिए शिवभक्तों की अटूट कतार बनी रही। महाशिव रात्रि के चलते सुरक्षा के अभेद्य किलेबन्दी के बीच मंदिर के गर्भगृह में बाबा के प्रति श्रद्धा अनुराग की अखंड जलधार बेलपत्र, मदार, धतूरा और दुग्ध जल ज्योर्तिलिंग पर बहती रही। यह सिलसिला अनवरत देर रात शयन आरती तक बना रहेगा। शिवभक्तों के हर-हर महादेव, हर-हर, बम-बम के गगनभेदी उद्घोष से पूरा मंदिर परिक्षेत्र गुंजायमान रहा।

यही हाल जिले के ग्रामीण और शहर के प्रमुख शिवमंदिरों से लेकर छोटे बड़े शिवालयों में रहा। पूरे दिन जिले में कंकर कंकर शंकर का नजारा दिखा। पर्व पर घरों और मंदिरों में लोगों ने रूद्राभिषेक करा कर बाबा विश्वनाथ का पूजन अर्चन किया। इससे पूर्व बाबा दरबार में हाजिरी लगा पुण्य बटोरने के लिए गुरूवार की शाम से ही हजारों शिवभक्त बैरिकेडिंग में कतार बद्ध होते चले गए। जैसे-जैसे रात चढ़ती गयी कतार का दायरा भी बढ़ता गया। सर्द हवाओं के साथ ठंड भी हर-हर महादेव, काशी विश्वनाथ गंगे के उद्घोष से पनाह मांगती नजर आईं। मंगला आरती के बाद अल सुबह तक रेड कारपेट पर चलकर बाबा दरबार में जाने के लिए डेढ़ से दो किमी लम्बी लाइन लग गई। एक कतार गंगा तट से तो दूसरी बुलानाला और तीसरी लक्सा तक पहुंच गई। तीन-चार घंटे से अधिक समय तक लाइन में खड़े होने के बावजूद शिवभक्तों के चेहरे पर थकान नहीं दिखी।

थकान मिटाने में हर-हर महादेव का गगनभेदी उद्घोष रामबाण साबित हो रहा था। बाबा दरबार में पहुंचने के बाद तो भक्तों का उत्साह देखते बन रहा था। इस दौरान किसी ने दूध से तो किसी ने गंगा जल तो किसी ने इत्र और भस्म से बाबा को नहलाया। महाशिवरात्रि पर श्री काशी विश्वनाथ मंदिर के अलावा शहर और आसपास के सभी शिवालयों में भक्तों की भारी भीड़ जलाभिषेक के लिए उमड़ी रही। गौरी केदारेश्वर, महामृत्युंजय, कृतिविशेश्वर, बैजनत्था, शूलटंकेश्वर, जंसा रामेश्वर, ऋणमुक्तेश्वर महादेव समेत शहर और जिले के छोटे बड़े शिवालयों में दर्शन पूजन के लिए आस्था का सैलाब उमड़ता रहा। इसके अलावा बीएचयू स्थित नये काशी विश्वनाथ मंदिर में भी लाखों भक्तों ने मत्था टेका। यहां कुलपति प्रो. राकेश भटनागर और विश्वविद्यालय के शीर्ष पदाधिकारियों ने बाबा का विधि विधान से वैदिक मंत्रोच्चार के बीच रूद्राभिषेक किया।

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