सुपौल : नेपाल के जलग्रहण क्षेत्रों में लगातार हो रही भारी बारिश का असर अब कोसी नदी पर स्पष्ट रूप से दिखाई देने लगा है। रविवार को कोसी बराज से पानी के बहाव में उल्लेखनीय वृद्धि दर्ज की गई। शाम चार बजे तक बराज से कुल 2,09,840 क्यूसेक पानी छोड़ा गया, जिसके बाद तटवर्ती क्षेत्रों में सतर्कता बढ़ा दी गई है। जल संसाधन विभाग ने तटबंधों और संवेदनशील स्थलों पर निगरानी तेज कर दी है।
जल संसाधन विभाग के कंट्रोल रूम से प्राप्त जानकारी के अनुसार, कोसी बराज के डाउन स्ट्रीम में 2,06,440 क्यूसेक पानी का डिस्चार्ज दर्ज किया गया। वहीं, पूर्वी कोसी मुख्य नहर में पानी का प्रवाह शून्य रहा, जबकि पश्चिमी कोसी मुख्य नहर में 3,400 क्यूसेक पानी छोड़ा गया। इस प्रकार बराज से कुल 2,09,840 क्यूसेक जलप्रवाह दर्ज किया गया, जिसमें लगातार वृद्धि की प्रवृत्ति बनी हुई है।
विभाग के अनुसार, नेपाल के बराह क्षेत्र (अपस्ट्रीम) में रविवार शाम चार बजे जलप्रवाह 1,56,000 क्यूसेक रिकॉर्ड किया गया, जो लगातार बढ़ रहा है। विशेषज्ञों का मानना है कि नेपाल के जलग्रहण क्षेत्रों में वर्षा जारी रहने पर आने वाले घंटों में कोसी के जलप्रवाह में और वृद्धि हो सकती है।
जलस्तर में बढ़ोतरी की आशंका को देखते हुए जल संसाधन विभाग के अभियंताओं को तटबंधों, स्परों और अन्य संवेदनशील स्थानों पर विशेष निगरानी रखने के निर्देश दिए गए हैं। विभाग की टीमें लगातार निरीक्षण कर रही हैं ताकि किसी भी संभावित खतरे की स्थिति में तत्काल कार्रवाई की जा सके।
प्रशासन ने कोसी तटवर्ती और निचले इलाकों में रहने वाले लोगों से नदी के किनारे अनावश्यक आवाजाही से बचने तथा किसी भी प्रकार की अफवाहों पर ध्यान न देने की अपील की है। साथ ही स्थानीय प्रशासन और संबंधित विभागों को पूरी तरह सतर्क रहने तथा किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए तैयार रहने को कहा गया है।
उल्लेखनीय है कि कोसी बराज के 56 फाटकों में से लगभग दो दर्जन फाटक खोलकर अतिरिक्त पानी की निकासी की जा रही है, ताकि बढ़ते जलप्रवाह का सुरक्षित प्रबंधन किया जा सके। विभाग स्थिति पर लगातार नजर बनाए हुए है और आवश्यकता के अनुसार आगे भी जल निकासी की व्यवस्था में बदलाव किया जा सकता है।
Shaurya Times | शौर्य टाइम्स Latest Hindi News Portal